🪔 बालक ध्रुव की सम्पूर्ण कथा🪔 जन्म से मोक्ष तक बालक ध्रुव 🌼 ध्रुव का परिचय राजा मनु के पुत्र उत्तानपात के 2 रानिया थी सुनीति से ध्रुव और सुरुचि से उत्तम नाम के 2 पुत्र थे राजा को छोटी रानी सुरुचि से अधिक प्रेम था वे अक्सर उसी के महल मे रहते थे एक दिन राजा उत्तानपात उत्तम को अपनी गोद मे बिठाकर प्यार कर रहे थे तभी ध्रुव वहा आ गए और पिता की गोद मे बैठने लगे तभी गुस्से मे सुरुचि उनपे चिल्लाई कि यदि तुझे पिता की गोद मे बैठना है तो मेरे उदर से जन्म लेना पड़ेगा 💥नाम: ध्रुव {बालक ध्रुव } 💥पिता: राजा उत्तानपाद{ राजा मनु के पुत्र थे } 💥माता: सुनीति {ध्रुव की माँ } 💥सौतेली माता: सुरुचि {उत्तम की माँ } 💥इष्ट देव: भगवान विष्णु 💥गुरु: नारद मुनि 💥उपाधि: ध्रुवलोक (ध्रुव तारा) 🌸 ध्रुव के जीवन की शुरुआत 🌷राजा उत्तानपाद की दो रानियाँ थीं बड़ी रानी सुनीति , जो शांत और धर्मपरायण थीं, और छोटी रानी सुरुचि , जो अभिमानी और स्वभाव से कठोर थीं। 🌷ध्रुव सुनीति के...